
नई दिल्ली। ईरान युद्ध के चलते पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव का असर अब भारत में कुकिंग गैस के बाद हवाई यात्रा पर भी पडऩे लगा है। जेट ईंधन यानी एविएशन टर्बाइन फ्यूल की कीमतों में तेज बढ़ोतरी के कारण एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने अपने टिकटों पर अतिरिक्त ईंधन शुल्क लगाने का फैसला किया है। एयरलाइन के मुताबिक 12 मार्च से हर घरेलू उड़ान के टिकट पर 399 रुपए का अतिरिक्त फ्यूल सरचार्ज लगाया जाएगा। इसके साथ ही अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए भी ईंधन अधिभार बढ़ाने का निर्णय लिया है।एयरलाइन ने यह भी बताया कि नए नियमों के तहत सिंगापुर जाने वाली उड़ानों पर भी फ्यूल सरचार्ज लगाया जाएगा। अभी तक सिंगापुर की सेवाओं पर कोई ईंधन अधिभार नहीं लिया जाता था, लेकिन नई व्यवस्था लागू होने के बाद इन उड़ानों पर भी अतिरिक्त शुल्क देना होगा। खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के कारण जेट ईंधन की कीमतों में तेज उछाल आया है। पश्चिम एशिया में जारी युद्ध और तनाव के कारण तेल और गैस की सप्लाई प्रभावित हुई है, जिससे वैश्विक बाजार में ईंधन महंगा हो गया है। इसका सीधा असर एयरलाइंस की परिचालन लागत पर पड़ रहा है। नए फ्यूल सरचार्ज लागू होने के बाद अब यात्रियों को घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों तरह की उड़ानों के लिए ज्यादा किराया देना पड़ सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर पश्चिम एशिया में तनाव लंबे समय तक जारी रहा और जेट फ्यूल की कीमतें ऊंची बनी रहीं, तो आने वाले समय में हवाई यात्रा और महंगी हो सकती है।
Author: Jai Lok







