
जबलपुर (जय लोक)। सागर स्थित शाहगढ़ स्वास्थ्य केन्द्र में नर्स दीपशिखा की गोली मारकर हत्या करने वाला कोई और नहीं बल्कि पनागर निवासी मौसेरा भाई सुशील आठ्या निकला। जिसने जबलपुर से सागर पहुंचकर वारदात को अंजाम दिया है। सुशील एक तरफा प्यार में पागल था और वह दीपशिखा से शादी करना चाहता था। सागर पुलिस ने पहचान होने के बाद जबलपुर पहुंचकर सुशील की तलाश शुरु कर दी है। उसे पकडऩे के लिए पनागर सहित आसपास क्षेत्र में दबिश दी जा रही है। वहीं इस बीच मृतिका के पिता ने पाटन पुलिस की कार्रवाही पर सवाल उठाया है। उनका कहना है कि पाटन पुलिस समय पर कार्रवाही करती तो आज उनकी बेटी जिंदा होती।

दीपशिखा के पिता ने लगाए आरोप
दूसरी ओर दीपशिक्षा के पिता ने आरोप लगाया है कि सुशील कई दिनों से दीपशिखा का परेशान करता आ रहा है। जिसकी शिकायत पाटन थाने में की थी। लेकिन पाटन पुलिस ने सुशील पर कार्रवाही नहीं की जिससे सुशील के हौसले बढ़ गए और उसने गोली मारकर दीपशिखा की हत्या कर दी। दीपशिखा के पिता का कहना है कि अगर पाटन पुलिस सुशील पर कार्रवाही करती तो आज उसकी बेटी जिंदा होगी।

शहर के आसपास हो रही तलाश
सुशील की तलाश सागर सहित जबलपुर के आसपास के क्षेत्रों में भी की जा रही है। पुलिस को आशंका है कि आरोपी जबलपुर के आसपास के क्षेत्रों में ही छुपा हुआ है। वहीं सुशील के संबंध में कहा जा रहा है कि आरोपी बेरोजगार है जो कुछ काम धंधा नहीं करता है। वहीं इस दौरान वह दीपशिखा से शादी करने का दबाव बना रहा था। पुलिस आरोपी के परिवार वालों से भी पूछताछ कर रही है।

Author: Jai Lok







