
जबलपुर (जय लोक)। आज सोमवार की दोपहर में मोमिन ईदगाह की पुरानी कमेटी से नई कमेटी को कब्ज़ा दिलाने के कोर्ट के आदेश का परिपालन करवाने पहुँची प्रशासन और पुलिस की टीम को काफी मशक्कत करना पड़ी। ताला तोडक़र ईदगाह का कब्जा नई कमेटी को दिलवाया गया। इस दौरान विरोध कर रहे पुरानी कमेटी के 16 लोगों को धारा 151 के तहत हिरासत में लेकर थाने भेजा गया। इन लोगों में पार्षद वकील अंसारी याकूब और हीरा शामिल हैं।
इस पूरे घटनाक्रम के दौरान क्षेत्र में हंगामा और तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई थी हालांकि एहतियात की तौर पर एसडीएम पंकज मिश्रा सीएसपी सुनील नेमा, सीएसपी मधुर पटेरिया थाना प्रभारी रितेश पांडेय सहित आसपास के थानों का बल मौके पर मौजूद था।

एसडीएम कोर्ट के आदेश पर नई कमेटी चार्ज लेने पहुंची। पुरानी कमेटी का कार्यकाल जनवरी 2025 में समाप्त हो चुका था लेकिन 10 महीने बाद भी पुरानी कमेटी नई कमेटी को चार्ज नहीं दे रही थी। एसडीएम पंकज मिश्रा की कोर्ट में मामला चला जिसके बाद नई कमेटी को चार्ज देने का निर्णय हुआ। पुरानी कमेटी सिविल न्यायालय हाई कोर्ट वक्फ बोर्ड के हिसाब से भी आवेदन कर चुकी थी लेकिन एसडीएम कोर्ट के आदेश को हर जगह बहाल रखा गया।

जिला प्रशासन के अधिकारियों व बड़ी संख्या में पुलिस बल की मौजूदगी के बीच पुरानी ने नई कमेटी को चार्ज देने से साफ इंकार कर दिया, इतना ही नहीं वे गेट पर ही बैठ गये और मुर्दाबाद के नारे लगाने लगे।

मौके पर स्थिति बिगडऩे की आशंका को देखते हुए पांच थानों की पुलिस और एसडीएम पंकज मिश्रा सीएसपी सुनील नेमा, मधुर पटेरिया आदि मौके पर मौजूद थे। काफी देर तक चले मान-मनौव्वल के पुलिस ने विरोध कर रहे पुरानी कमेटी के मेंबर्स व उनके समर्थकों को हिरासत में ले लिया।
वहीं वक्फ बोर्ड व एसडीएम कोर्ट के आदेश के तहत ईदगाह की संपत्ति का ताला तोडक़र नई कमेटी को चार्ज सौंप दिया।
एसडीएम पंकज मिश्रा ने बताया कि पुरानी कमेटी का कार्यकाल समाप्त हो चुका था और वक्फ बोर्ड ने जनवरी में नई कमेटी को चार्ज देने का आदेश जारी किया था। पुरानी कमेटी द्वारा चार्ज न सौंपने पर प्रशासन ने कानूनी कार्रवाई करते हुए नई कमेटी को कार्यभार दिलवाया। फिलहाल ईदगाह परिसर में शांति बनी हुई है,। मामले की गंभीरता को देखते हुए बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात है।
Author: Jai Lok







