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3 मौतों वाली अवैध रेत खदान 5 साल से चला रहा था भाजपा का मंडल अध्यक्ष: अब वरिष्ठ नेता लगे उसे बचाने में, पुलिस कर रही निष्पक्ष जाँच का दावा

जय लोक ने पहले ही प्रकाशित की थी खबर

जबलपुर (जय लोक)
जिले की सिहोरा तहसील के अंतर्गत सिहोरा के ग्राम कटरा में विगत दिवस अवैध रेत खदान धसक जाने से तीन लोगों की दबकर मौत हो गई थी। 6 अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे। इस मामले में जाँच पड़ताल के दौरान एक भाजपा के स्थानीय नेता अंकित तिवारी का नाम सामने आया था इस खबर को जय लोक ने प्रमुखता से प्रकाशित कर मृतकों के पक्ष में न्याय का विषय उठाया था। इस मामले में एक और चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। मृतक के परिजनों की ओर से कल पुलिस अधीक्षक कार्यालय में पहुँचकर पीडि़त परिजनों ने लिखित शिकायत देकर इस बात का खुलासा कर दिया है कि इस अवैध रेत खदान का संचालन भाजपा का मंडल अध्यक्ष अंकित तिवारी उर्फ  कान्हा सरकार और उसके सहयोगियों द्वारा किया जा रहा था। इस मामले में और भी कुछ लोगों के नाम लिखित शिकायत में दिए गए हैं। इसके साथ ही सोनू भदोरिया, तहसीलदार सिहोरा, एसडीएम सिहोरा, हल्का पटवारी, जिला खनिज अधिकारी के विरुद्ध भी गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज करने और मृतकों को न्याय दिलाने की माँग पुलिस से की गई है। पुलिस से निष्पक्ष जाँच की माँग करते हुए पीडि़त मजदूरों ने कहा कि उनके रिश्तेदार तो इस अवैध खदान में दबकर मर गए लेकिन 5 सालों से कई स्तर पर शिकायत करने के बावजूद भी जिम्मेदार अधिकारियों ने अपना फर्ज नहीं निभाया इसी वजह से यह हादसा हुआ।
निष्पक्ष जाँच और न्याय की गुहार
पुलिस अधीक्षक कार्यालय में लिखित शिकायत लेकर पहुँचे लोग पहले गोहलपुर थाने गए थे यहां उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई और काफी देर भटकाने के बाद वह पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुँचे। पुलिस अधीक्षक उस वक्त कार्यालय में नहीं थे और उनके कार्यालय में पदस्थ लोगों ने शिकायत लेने से मना कर दिया। इसके बाद पुलिस अधीक्षक को उनके मोबाइल पर व्हाट्सएप के माध्यम से ज्ञापन प्रेषित कर निष्पक्ष जाँच और न्याय की गुहार लगाई गई।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुँचे आवेदकगण में गीताबाई पति स्व. मुकेश बसोर, चांदनी पिता राजू बसोर, हादसे में घायल हुए खुशबू और चगन सभी निवासी ग्राम कटरा रमखिरिया के रहने वाले हैं और बेहद गरीब मजदूर है।
300 रुपयों में मौत का खेल
5 सालों से अवैध रूप से संचालित हो रही यह रेत की खदान मौत का कुआं जैसी बन गई थी। 300 रुपयों में मजदूरों की जान दांव पर लगाई जा रही थी। इस बात का उल्लेख शिकायत पत्र में है और कहा गया है कि आवेदकगण ग्राम कटरा रमखिरिया की रेत खदान के संचालक अनावेदक अंकित तिवारी उर्फ  कान्हा सरकार के कहने पर लगभग 5 वर्ष पूर्व से उक्त रेत खदान में 300  रूपये की रोजाना मजदूरी के हिसाब से मजदूरी का काम कर रहे थे। चोरी की रेत को एकत्रित कर ट्रैक्टर ट्राली की मदद से आगे बेचने का काम इन्हीं के द्वारा किया जाता था। गरीब मजदूर रोज की तरह घटना दिनांक 5 जून को भी  300 रूपये की मजदूरी के हिसाब से मजदूरी करने गये हुए थे तभी अचानक सुबह के करीब 11 बजे उक्त रेत खदान के धसकने से काम कर रहे 9 मजदूरों में से 3 मजदूरों की दबकर तत्काल मृत्यु हो गई है तथा बाकी बचे 6 मजदूरी की हालत बेहद दयनीय एवं गंभीर है जो घायल स्वयं के खर्चे पर अपना इलाज करा रहे है जिससे उनकी आर्थिक स्थिति दिनों दिन और खराब होती जा रही है। शिकायतकर्ताओं में शामिल गीताबाई बसोर भी बेहद गरीब है उसके पति मुकेश इस हादसे में अपनी जान गवां चुके हैं अब परिवार की जिम्मेदारी महिला के ऊपर है।
ना इलाज मिला, ना पुलिस कार्यवाही कर रही
शिकायत में पीडि़त परिजनों की ओर से इस बात का भी उल्लेख किया गया है कि आज दिनांक तक उक्त घटना के दौरान घायल हुए मजदूरों का किसी भी प्रकार से कोई शासकीय उपचार या इलाज नही कराया गया है और ना ही पुलिस प्रशासन के द्वारा न्यायोचित कार्यवाही की जा रही है।
विधायक, एसडीम, तहसीलदार को सैकड़ों बार की थीं शिकायतें
शिकायत में इस बात का प्रमुखता से उल्लेख किया गया है कि ग्रामवासियों, सरपंच, सचिव, कोटवार , जनपद सदस्य द्वारा विगत 5 वर्षों में सिहोरा अनुभाग के विधायक , अनुविभागीय अधिकारी सिहोरा , तहसीलदार सिहोरा आदि को सैकेंड़ो बार लिखित एवं मौखिक एवं दूरभाष पर शिकायतें देने के बाबजूद कोई उचित कार्यवाही न करना इनकी संलिप्तता को उजागर करता है।
दर्ज हो गैर इरादतन हत्या का मामला
हादसे में मरने वालों के परिजनों ने शिकायत में इस बात की गुहार लगाते हुए इंसाफ  की माँग की है कि आरोपियों की संलिप्तता उजागर हो रही है जो इनके ऊपर गैर इरादतन हत्या कार्य करने की ओर इशारा करती है। उक्त मामले को संज्ञान में लेते हुए इन आरोपियों के विरूद्ध भी गैर इरादतन हत्या का मुकदमा कायम कर पीडि़त परिवार को पुलिस सुरक्षा एवं न्याय दिलवाया जाए ।
मुख्य स्थानों को छोडक़र दिखावे की कार्रवाही कर रहा प्रशासन
पांच जून को हुए इस हादसे के बाद जिला प्रशासन की सख्ती के बाद राजस्व, पुलिस और खनिज विभाग की टीम सक्रिय हुई है। पाँच दिनों से अलग अलग स्थानों पर कार्रवाही करते हुए 121 ट्राली रेत जप्त की गई है। फिलहाल एसडीएम और एसडीओपी सिहोरा की अगुवाई में यह कार्रवाही चल रही है। जो इस बात का प्रमाण है कि सिहोरा तहसील में खनन माफिया किस प्रकार हावी है। साथ ही प्रत्यक्ष अप्रत्यक्ष रूप से अवैध खदान के संचालन की बात भी स्वयं साबित होती है। सिहोरा तहसील के अंतर्गत जिन मुख्य स्थानों पर अवैध रेत का स्टॉक किया गया है, वहाँ दबिश ना देकर छोटी छोटी कार्रवाहियों पर अधिक ध्यान दिया जा रहा है। जो अपने आप में कई सवाल खड़े कर रहा है।
पुलिस पर दबाव बनाने का प्रयास, बड़े नेताओं के साथ वायरल हुई फोटो
इस मामले के खुलासे के बाद अब कुछ भाजपा के वरिष्ठ नेता मंडल अध्यक्ष को बचाने के लिए पुलिस पर दबाव डलवाने का प्रयास कर रहे हैं। वहीं इस घटना के बाद आरोपों से घिरे भाजपा के मंडल अध्यक्ष अंकित तिवारी की मुख्यमंत्री और विधायक सहित अन्य नेताओं के साथ फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है और पुलिस की कार्रवाही पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं।

Jai Lok
Author: Jai Lok

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