
जबलपुर (जय लोक) । जबलपुर जिले में अवैध उत्खनन का कार्य अपनी पूरी गति से ही फल फूल रहा है। खनिज विभाग के लाख दावों के बावजूद भी जबलपुर के किसी भी ग्रामीण क्षेत्र में अवैध खनन और रायलटी की चोरी के खेल के साथ ओवरलोडिंग का खेल नहीं रुक रहा है। कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह अवैध उत्खनन के मामलें में समीक्षा बैठकों में कार्रवाही करने के सख्ती के साथ निर्देश दे चुके हैं। लेकिन अपने मुखिया के निदेर्शों के परिपालन में केवल जबलपुर तहसील सक्रियता से कार्रवाही करते नजर आ रही है। अन्य तहसीलों में कलेक्टर के इस आदेश के परिपालन में सुस्ती नजर आ रही है।
जबलपुर तहसील के अंतर्गत बड़ी कार्रवाही करते हुए राजस्व, खनिज और पुलिस विभाग ने संयुक्त कार्रवाही की थी जिसमें बड़े रसूखदार खनन कारोबारियों की गाडिय़ाँ ओवर लोडिंग में पकड़ी गईं थीं जिसके बाद माफिया की शकल में पहुँचे कुछ मायनिंग कारोबारियों ने कार्रवाही कर रहे शासकीय कर्मचारियों जिनमें एक प्रशिक्षु आईपीएस, तहसीलदार शामिल थे को जान से मारने की धमकी देते हुए हाईवा चढ़ाने के लिए अपने ड्रायवर को निर्देश देते नजर आए थे। इस मामले में कुछ गिरफ्तारियाँ भी हुईं थी।

कलेक्टर के निर्देश पर एसडीएम जबलपुर तहसीलदार रविन्द्र पटेल सहित राजस्व विभाग और खनिज विभाग के अधिकारियों ने कई स्वीकृत खदानों की जाँच की थी और बड़े स्तर पर गड़बडिय़ाँ पाए जाने पर लगभग तीन करोड़ रूपये जुर्माने की राशि का प्रकरण तैयार कर कलेक्टर कोर्ट में प्रस्तुत किया जहाँ से संबंधित आरोपियों को नोटिस भी जारी हो चुके हैं।
इसके अलावा भी जबलपुर तहसील ने अवैध उत्खनन के मामलों में लगभग डेढ़ दजज़्न से अधिक वाहनों को जाँच के दौरान पकड़ा और आगे की कार्रवाही हेतु थाने में खनिज विभाग के सुपुर्द किया। अवैध उत्खनन के कार्य में लगी एक जेसीबी को भी पकड़ा गया। हाल ही में बरेला और बरगी मार्ग पर दौड़ रहे अवैध खनिज का परिवहन करते वाहन एवं रायल्टी चोरी कर ओवर लोडिंग का खेल रोकने के लिए भी कई वाहनों को पकड़ा गया।

हाल ही में शहपुरा तहसीली के अंतर्गत आने वाले मालकछार क्षेत्र से जुड़े कई घाटों पर पोकलेन, नॉव, हाईवा, जेसीबी जैसी बड़ी मशीनों से अवैध रूप से रेत की खुदाई करने की सूचना कलेक्टर जबलपुर तक पहुँच रही थी। कलेक्टर के निर्देश के बाद एसडीएम शहपुरा मदन सिंह रघुवंशी के नेतृत्व में मालकछार क्षेत्र में छापा मारा गया। यहां पर कश्ती के सहारे रेत निकालने का काम किया जा रहा था। जाँच दल को देखकर पहले तो अवैध रूप से रेत निकालने वालों ने उन्हें काफी छकाया। बाद में जब होमगार्ड की बोट और जवान पहुँचे तो आरोपी नदी में कश्ती को डुबोकर भाग निकले। प्रशासन अब अवैध उत्खनन करने वालों का पता लगा रहा है।

बिल्डर और अवैध खनन करने वालों की मिलीभगत, शासन को करोड़ों की हानि
इसी प्रकार शहर से मंडला की ओर जाने वाले मार्ग पर तेजी से कॉलोनियों का विकास हो रहा है। यहां कई बड़े बिल्डर भी सैंकड़ों एकड़ की साइड पर काम कर रहे हैं। प्रशासन के सामने लगातार इस बात की शिकायतें आ रही हैं कि यहां के बड़े बिल्डर चोरी की मुरम फिलिंग के कार्य में खपाने का काम धड़ल्ले से कर रहे हैं।
इन बिल्डरों से भराव के कार्य के संबंध में खनिज विभाग और राजस्व विभाग को सीधे पूछताछ करनी चाहिए कि बिना रॉयल्टी के इतना माल ये कहां से और कैसे प्राप्त कर रहे हैं। बिल्डरों और अवैध खनन करने वालों की मिलीभगत के कारण शासन को लाखों करोड़ों रूपयों की हानि हो रही है। इसके साथ ही शासकीय भूमि पर स्थित पहाड़ों को रातों रात अवैध खनन करने वाले धड़ल्ले से नेस्तनाबूत कर रहे हैं।
बायपास पर पकड़ा गया हाइवा
कलेक्टर के निर्देश पर खनिज विभाग ने अवैध खनिज परिवहन पर कार्रवाही तेज कर दी है। इसी कार्रवाही में खनिज विभाग ने ग्राम भटौली अंतर्गत हाईवे पर खनिज बोल्डर का अवैध परिवहन करते हुए एक हाईवा जप्त किया है। हाईवा क्रमांक एमएच 28 बीबी 1895 को खनिज बोल्डर सहित जप्त कर प्रकरण दर्ज किया है। जप्त वाहन खनिज सहित पुलिस चौकी गौर में खड़ा कराया गया है। खनिज विभाग जिला प्रभारी अशोक राय ने बताया कि अवैध खनन एवं परिहवन के विरूद्ध लगातार कार्रवाही की जा रही है। बायपास और आसपास के क्षेत्रों में कार्रवाही के लिए विशेष टीम बनाई गई हैं जो यहां से गुजरने वाले ट्रकों, हाइवा, टे्रक्टर सहित अन्य वाहनों पर नजर बनाए हुए हैं। वहीं सूचना मिलने पर अवैध परिवहन के मामले में कार्रवाही की जा रही है।
Author: Jai Lok







