
जबलपुर (जय लोक)। दो लोगों की जान लेने वाला और कई लोगों को जीवन और मृत्यु के बीच संघर्ष करने के लिए पहुँचाने का दोषी कार चालक इतनी बड़ी दुर्घटना को अंजाम देने के बाद वहां मौजूद लोगों से बोला कि कुछ नहीं हुआ है। इसका कारण यह था कि उक्त कीया कार का चालक स्वयं अत्यधिक शराब के नशे में धुत था। जो लोग घायल हुए हैं उनमें से भी कई लोग शराब दुकान के सामने अपने वाहनों में खड़े होकर शराब ही पी रहे थे। जिन लोगों की मृत्यु हुई वो बेवक्त ही काल के ग्रास में समा गए है। क्षेत्रीय पार्षद जीतू कटारे ने इस पूरी घटना के बाद गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस घटना ने क्षेत्रीय पुलिस और आबकारी विभाग के ऊपर भी गंभीर सवाल खड़े किये है।

खुलेआम सजता है मयखाना सडक़ पर
पार्षद जीतू कटारे ने मृतक व्यक्तियों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करने के साथ ही इस बात के आरोप लगाए हैं कि जो लोग घायल हुए हैं उनमें से कई ऐसे थे जो इसी शराब दुकान से शराब खरीदने के बाद सामने रोड पर ही खड़े होकर अपने वाहनों पर शराब पी रहे थे। क्षेत्रीय पार्षद जीतू कटारे ने खुले शब्दों में इस बात के आरोप लगाए हैं कि धनवंतरी नगर चौक पर स्थित शराब दूकान आए दिन बड़ी दुर्घटनाओं का कारण बनती है। यह पहली बार नहीं है शराब दुकान के कारण घटना घटित हुई है। शाम होते ही यह पूरा क्षेत्र खुले अहाते के रूप में बदल जाता है। सडक़ किनारे से लेकर सडक़ों के आवागमन वाले मार्ग पर भी शराबी खुलेआम अपने वाहन खड़े कर शराब पीते नजर आते हैं, कल की घटना ने इस बात को सिद्ध भी किया है। पार्षद को क्षेत्रीय लोगों ने जानकारी दी की घटना में घायल हुए कई लोग ऐसे थे जो अपने वाहनों पर बैठकर वहां सडक़ पर ही दुकान के सामने शराब पी रहे थे।

तो क्या सही है सेटिंग के लगने वाले आरोप
अब बड़ा सवाल यह होता है कि शराब माफिया तो अपने कारनामों के लिए पहले से ही बदनाम है। इसीलिए संबंधित पुलिस थाना और आबकारी विभाग के अधिकारी कर्मचारियों पर शराब माफिया के इशारे पर नाचने और उनके साथ सेटिंग के आरोप आए दिन लगते रहते हैं। कल की घटना फिर इस सवाल को जीवित कर रही है। संबंधित पुलिस थाने के लोगों ने आखिर कैसे सडक़ पर अवैध अहाता बनने दिया? इसको क्यों नहीं रोका गया ? आबकारी विभाग के लोग आज तक यहां कार्रवाई करने क्यों नहीं आए? जबकि यह शराब दुकान मुख्य मार्ग पर है। ना पुलिस थाने ने कार्यवाही की ना आबकारी विभाग ने कार्यवाही की। जिसका परिणाम यह हुआ कि अत्यधिक शराब के नशे में धुत चालक ने अपना काम किया और सरकारी लापरवाही का परिणाम दो लोगों की जान लेकर सामने ला दिया।

बेटे को लेकर बहन के घर गया था शादी में
इस सम्बन्ध में थाना गढ़ा में मेडिकल कॉलेज पहुंचीं पुलिस को शुभम कुम्हार उम्र 16 वर्ष निवासी महाराजपुर बोटन स्कूल के पास अधारताल ने बताया कि वह कक्षा 10 वीं में पढ़ाई कर रहा है कल अपने पिता गनेश प्रसाद के साथ उनकी स्कूटी क्रमांक एमपी 20 एस जेड 9516 से अधारताल से अपनी बुआ विमला चक्रवर्ती के यहां शादी में शामिल होने गया था। शादी से वापस घर आ रहे थे धनवंतरी नगर तिराहे पर पानी पीने के लिये रूक कर साईड में खड़े थे। जहां पर हम लोग खड़े होकर पानी पी रहे थे। आसपास बहुत लोग थे कुछ लोग चाय नाश्ता कर रहे थे तभी सफेद रंग की किया कार का चालक यह जानते और देखते हुये कि सडक़ किनारे लोग खड़े हैं अपने वाहन को अत्याधिक स्पीड से चलाते हुये आया और बिना ब्रेक लगाये व बिना हार्न बजाये उसकी स्कूटी में और हम लोगों पर कार चढ़ा दी।
टक्कर मार कर पलट गई कार
पीडि़तों ने बताया कि गाड़ी इतनी स्पीड में थी कि एक बार में पलट गयी और कुछ लोग को टक्कर मार दी। कार चालक के कार चढ़ाने से उसके हाथ पैर कमर में तथा पिता गनेश प्रसाद को आयी चोटों से मृत्यु हो गयी है। वहां पर खड़े लोगों में से एक व्यक्ति की मृत्यु हो गयी है। डायल 112 पुलिस आई जो उपचार हेतु मेडिकल कॉलेज लेकर आये किया कार चालक ने कई लोगों की खड़ी गाड़ी को भी नुकसान पहॅुचाया है । किया कार चालक द्वारा असावधानी पूर्वक कार चलाकर जानबूझकर कई लोगों पर कार को चढ़ा दिया जिससे चोटें आने से पिता गनेश प्रसाद उम्र 45 वर्ष की मृत्यु हो गयी है। आसपास के लोगों ने कार चालक को पकड़ लिया जो नशे में लग रहा था जिसका नाम किशन पिता दिलीप चौधरी रांझी निवासी है। पता चला है कि कार की टक्कर लगने से एक अन्य व्यक्ति पंकज पिता विजय साहू उम्र 34 वर्ष निवासी गंजीपुरा लार्डगंज को भी चोटें आने से मृत्यु हो गयी है। रिपोर्ट पर धारा 105 बीएनएस का अपराध पंजीबद्ध कर आरोपी किशन चौधरी उम्र 27 वर्ष निवासी बड़ा पत्थर रांझी को अभिरक्षा में लेते हुये कार क्रमांक एमपी 20 जेड बी 2934 जप्त करते हुये प्रकरण विवेचना में लिया गया।
Author: Jai Lok






