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तबादले के बाद भी थानों से नहीं हो रहा मोह भंग कई सालों से जमे एक ही थानों में, खा रहे मलाई

जबलपुर (जयलोक)
लोकसभा चुनाव होने के बाद चर्चाएं उठ रहीं हैं कि अब पुलिस विभाग में पुलिस कर्मियों और अधिकारियों के तबादले हो सकते हैं। लेकिन इसमें खास बात यह है कि जिनके तबादल पूर्व में हो चुके हैं वे अब तक उसी स्थान पर जमे हुए हैं जहाँ से उन्हें अलविदा कह देना चाहिए था और अपनी नवीन पदस्थापना पर पहुँच जाना था। लेकिन एक ही जगह पर जमें रहने से हो रही अतिरिक्त कमाई के लालच में थानों से मोह भंग नहीं हो पा रहा है।
जिले के कई ऐसे थाने है जिसमें पुलिस कर्मचारी लंबे समय से एक ही थाने में जमे हुए है। जिसके कारण वह अब अपनी मनमानी पर उतारू रहते हैं। नियम अनुसार 3 साल के बाद उनका ट्रांसफर हो जाता है। लेकिन अभी भी ऐसे कर्मचारी हैं जो थानों में करीब 5 वर्षों से उक्त थाने में ही जमे हुए। इस मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक आदित्य कुमार सिंह का कहना है की हाल ही में करीब 11 कर्मचारियों का ट्रांसफर किया गया है। इसके अलावा भी कई पुलिस कर्मियों का ट्रांसफर होना बाकी है।
शहर के कई थानों में जमे पुलिस कर्मी
शहर के कई थानों में ऐसे पुलिसकर्मी है जो अधिकारियों तक अपनी पकड़ रखते हैं। यहीं वजह है कि थाना प्रभारी तबादले के बाद भी दूसरे थानों में नहीं जा रहे हैं। जबकि एक ही जगह जमे रहने से उनकी क्षेत्र में अपराधियों से अच्छी जान पहचान हो जाती है। इसका फायदा उन्हें अतिरिक्त कमाई में मिलता है।
कई बार लग चुके आरोप
इस प्रकार के कई मामले सामने आ चुके हैं जिसमें पुलिस कर्मियों पर शराब तस्करों, सटोरियों के साथ मिलकर उन पर कार्रवाही ना करने का आरोप लगा चुका है। कई मामलों में तो राजनैतिक दलों के लोगों को इसका विरोध भी करना पड़ा।

Jai Lok
Author: Jai Lok

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