
जबलपुर,(जयलोक)।मौलाना मदनी का यह कहना कि भारत में मुसलमान सुरक्षित नहीं है और वह अपने आप को असुरक्षित महसूस कर रहा है इसको पूरी तरीके से नकारते हुए मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के राष्ट्रीय संयोजक एवं पूर्व रा’य मंत्री मध्य प्रदेश शासन श्री एस के मुद्दीन ने कहा है कि अगर दुनिया में सबसे ’यादा सुरक्षित मुसलमान किसी मुल्क में है तो वह हमारा देश हिंदुस्तान जहां मुसलमानों को पूरी तरह से संवैधानिक अधिकार प्राप्त है। और आज का भारत दंगा मुक्त भारत है पूरे हिंदुस्तान के अंदर अमानो अमन है कहीं कोई दंगा फसाद की खबर नहीं है अपवाद दंगों की तो बात ही छोड़ो कही 144 धारा लगी है यह भी अब सुनने नहीं मिलता। जबकि 2014 के पहले रोज़ ही दंगों और फसाद की खबरें प्रतिदिन अखबारों और टीवी की सुर्खियां होती थी। मुद्दीन ने कहा कि आज भारतीय फौज और सुरक्षा संस्थानों से लेकर अन्य महत्वपूर्ण स्थानों पर आज भारत के मुस्लिम बेटी और बेटे देश की सेवा कर रहे हैं। क्या यह मौलाना मदनी को नहीं दिखता है। मुद्दीन ने की मौलाना मदनी जैसे लोगों की अलगाव वादी बातों की वजह से देश का मुसलमान आजादी के बाद से ही तरक्की की दौड़ में पिछड़ता चला गया।

मुद्दीन ने कहा कि वंदे मातरम हमारा राष्ट्रगीत है और वंदे मातरम पढऩा और गाना इस्लाम के खिलाफ नहीं है। क्योंकि वंदे मातरम का मतलब इस धरती और उसकी माटी को मां का दर्जा देकर सलाम अर्ज करना है। वंदे मातरम में उपजाऊ जमीन खूबसूरत सुबह और शाम के साथ ही मीठे फल मीठी मुस्कान ,पेड़ पौधों जिक्र है। अपने मुल्क की सर ज़मीन तारीफ करना तो मुसलमानों के ईमान में शामिल हे। तो यह इस्लाम की खिलाफ कैसे हो सकता है।

मुद्दीन ने कहा आज देश का आम मुसलमान दो वक्त की रोटी के लिए जद्दोजहद कर मेहनत करके अपने ब‘चों और परिवार का शांति पूर्ण तरीके भरण पोषण कर रहा। यह बात मौलाना मदनी जैसे मौलानाओं को पसंद नहीं आ रही है इसलिए वह मुसलमानों को बहकाकर गुमराह कर दंगों की आग में झोंकना चाहते हे। मुद्दीन ने देश के बुद्धिजीवी मुसलमान से अपील की है इस प्रकार के अलगाववादी मौलानाओं से सतर्क रहे और खुलकर विरोध करें।

Author: Jai Lok







