
संस्कृत का पेपर देने से वंचित हुए ८ छात्र-छात्रों
जबलपुर (जयलोक)
दसवीं के संस्कृत की परीक्षा के दौरान आज रांझी स्थित खालसा स्कूल में ८ छात्रों और उनके परिजनों ने जमकर हंगामा मचाया। आज सुबह जब छात्र परीक्षा देने पहुँचे तो उन्हें परीक्षा केन्द्र जाने से रोक दिया गया। इस संबंध में स्कूल प्रबंधन का कहना है कि छात्र दस मिनिट लेट थे। तो वहीं छात्रों का कहना है कि वे दसवीं बोर्ड की परीक्षा का महत्व समझते हैं इसलिए वे समय पर परीक्षा केन्द्र पहुँचे थे लेकिन स्कूल का गेट आज दस मिनिट पहले ही बंद कर दिया गया जिससे ८ छात्र परीक्षा देने से वंचित रह गए।
आज दसवीं का संस्कृत का पेपर रहा, परीक्षार्थी समय पर परीक्षा केन्द्र पहुँचे लेकिन रांझी के खालसा स्कूल में ८ छात्र ऐसे थे जो दस मिनिट ले हो गए। जिसमें इसकी सजा उन्हें परीक्षा से वंचित देकर चुकानी पड़ी। जबकि छात्रों का कहना है कि वे सुबह ठीक ८ बजकर ३५ मिनट पर खालसा स्कूल पेपर देने के लिए पहुँच गए थे। वह जैसे ही स्कूल के गेट पर पहुंचे तो गेट बंद मिला। छात्रों का आरोप है कि स्कूल प्रशासन ने सुबह ८ बजकर ३० मिनिट पर ही गेट बंद कर दिए। जबकि गेट बंद करने का समय ८ बजकर ४५ मिनिट है।
पुलिस ने संभाली स्थिति
हंगामें की जानकारी लगते ही रांझी थाने का पुलिस बल स्कूल पहुँचा जहाँ उन्होंने स्थिति को संभालते हुए छात्रों और उनके परिजनों को समझाईश दी। दूसरी ओर छात्रों के परिजनों का आरोप है कि स्कूल की लापरवाही के कारण उनके बच्चे परीक्षा नहीं दे पाए। जिससे उनका साल बर्बाद होने की कगार पर आ गया है। वही स्कूल प्रबंधन का कहना है कि उन्होंने तय समय पर ही स्कूल का गेट बंद किया था। छात्रों और उनके परिजनों द्वारा लगाया गया आरोप गलत है।

Author: Jai Lok






