
मुहास बढ़ैयाखेड़ा में नहर के रास्ते खोदी जा रही सरकारी भूमि, जारी है रॉयल्टी चोरी का खेल
जबलपुर (जय लोक)। 98 प्रकरणों में 6 करोड़ के करीब का जुर्माना कर प्रशासन अवैध उत्खनन के परिवहन में लगे वाहनों और अवैध भंडारण पर कार्यवाही कर चुका है। यह कार्यवाहियाँ आगे भी लगातार जारी रहेंगी। जिले में अवैध खनन करने वाले किस तरीके से चारों दिशाओं में अपना जाल बिछाए हुए हैं इस बात का अंदाजा सिर्फ इसी बात से लगाया जा सकता है कि कुछ ही समय के अंतराल में जिला कलेक्टर के निर्देश पर खनिज विभाग द्वारा की गई कार्यवाही में 96 प्रकरणों में लगभग 6 करोड़ रुपए का जुर्माना अधिरोपित किया गया है। वर्तमान में भी बरगी तहसील के बढ़ैयाखेड़ा, मानेगांव, खिरैनी, पाटन, सिहोरा, रांझी आदि क्षेत्रों की सरकारी भूमि को खनन माफिया मनमर्जी से खनिज, मिट्टी, मुरम, पत्थर रेत जो मिले वो खोद रहा है।
स्थिति यह है कि दिनदहाड़े सरकारी भूमि से मुरम, पत्थर, गिट्टी चोरी करने में नहर के बाजू वाले रास्तों का बेधडक़ इस्तेमाल हो रहा है जबकि यह पूरे तरीके से गैरकानूनी है कि नहर के बाजू वाले रास्तों पर इतने अधिक वजन वाले ट्रक, हाइवा, डंपर चलाए जाएं।
मुहासा ग्राम में बढ़ैयाखेड़ा की ओर नहर के बाजू वाले रास्ते को अवैध उत्खनन करने वालों ने क्षतिग्रस्त करना शुरू कर दिया है। दिन-रात सैकड़ों की संख्या में डंपर हाइवा ट्रक ट्रैक्टर शासकीय भूमि से यहां तक की वन विभाग की भूमि से भी अवैध खनन कर खनिज चोरी कर रहे हैं।

कलेक्टर तक पहुँची शिकायत कार्यवाही का इंतजार
कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने अवैध खनिज खनन के मामलों को रोकने के लिए अपना स्वयं का एक सूचना तंत्र सक्रिय किया है। जिसके माध्यम से सीधी सटीक जानकारी सीधे कलेक्टर तक पहुँच रही है और इसी के अनुरूप कार्यवाहियाँ हो रही हंै। लेकिन खनन माफिया की हरकतों से नहर के बाजू के रास्तों पर टनों वजनी भारी वाहनों के कारण क्षतिग्रस्त हो रही नहरों और उस रास्ते के साथ ही शासकीय भूमि से किए जा रहे अवैध खनन की शिकायत जिला कलेक्टर तक पहुँच चुकी है। खनन माफिया अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहा है और प्रशासन ने और अधिक कार्रवाईयाँ करने का निर्णय किया है। इन बात की भी जानकारी प्रकाश में आई है कि जिस भूमि और जितने हिस्से की अनुमति खनन करने के लिए ली गई थी उससे अधिक एवं अन्य शासकीय भूमि से अवैध खनन किया जा रहा है जिसकी ना तो कोई रॉयल्टी भरी जा रही है केवल शासन को आर्थिक रूप से लंबा चौड़ा नुकसान पहुंचाया जा रहा है।

वाहनों पर लगातार हो रही कार्यवाही
जिले के खनिज विभाग द्वारा छापामार शैली में बरगी पाटन, पनागर, चरगवाँ सभी तरफ अवैध रूप से खनिज का परिवहन करने वाले वाहनों के खिलाफ कार्यवाही की जा रही है। इन्हें पकड़ा जा रहा है और प्रकरण पंजीबद्ध कर कलेक्टर न्यायालय में प्रस्तुत किए जा रहे हैं। इन्हीं प्रकरणों की सुनवाई के बाद जिला कलेक्टर के द्वारा अवैध रूप से खनिज चोरी कर परिवहन करने वालों के ऊपर भारी जुर्माना भी ठोका जा रहा है।


इन पर हुई जुर्माने की कार्यवाही
प्रशासन द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार अवैध उत्खनन परिवहन और भंडारण के 96 प्रकरणों के दोषियों पर कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने 5 करोड़ 93 लाख 54 हजार का जुर्माना अधिरोपित किया है। इनमें से 88 प्रकरण ऐसे हैं जो 25 सितंबर 2025 से 11 मई 2026 की अवधि के बीच में दर्ज हुए हैं। जुर्माने की राशि में सर्वाधिक 40 लाख 80 हजार रुपए का अर्थ दंड शोभापुर क्षेत्र के प्रकरण में लगाया गया है यह प्रकरण जून 2022 में दर्ज हुआ था। इसके साथ ही जमुना प्रसाद पर 28 लाख 12 हजार रुपए, सुंदर साहू एवं अन्य पर 10 लाख 20 हज़ार, आकाश यादव पर 8 लाख 82 हजार रुपए श्रीशपल पर 6 लाख 49 हजार रुपए, अभिषेक पटेल पर चार लाख 52 हजार रुपए संजय बर्मन पर 4 लाख 46 हजार रुपए, अखिलेश पटेल पर चार लाख 52 हज़ार, रामेश्वर वंशकार पर 4 लाख 44 हज़ार, सौरभ शर्मा व अन्य पर 4 लाख 19 हजार का अर्थ दंड शामिल है।
Author: Jai Lok






