Download Our App

Home » News » नगर निगम को सीवेज के लिए 82 करोड़ और पेयजल के लिए 5 करोड़ मिलेंगे

नगर निगम को सीवेज के लिए 82 करोड़ और पेयजल के लिए 5 करोड़ मिलेंगे

केंद्र सरकार के अर्बन चैलेंज फंड से मिलने जा रही है राशि

जबलपुर (जय लोक)। भारत सरकार के केंद्रीय आवास और शहरी कार्य मंत्रालय ने मध्य प्रदेश के 6 बड़े शहरों में विकास के लिए 4719.62 करोड़ रुपए की राशि की योजना स्वीकृत की है। इन शहरों में जबलपुर शहर को भी शामिल किया गया है केंद्र सरकार की योजना के तहत जल आपूर्ति सीवरेज आधुनिक शहरी परिवहन जल निकासी और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन एवं अधो संरचना विकास की सुविधाओं का निर्माण किया जाएगा। केंद्र सरकार ने अर्बन चैलेंज फंड से स्वीकृत की गई योजना के लिए 25 प्रतिशत की राशि स्वीकृत की है जबकि 50 प्रतिशत राशि नगर निगम को और शेष राशि बैंकों या म्युनिसिपल बॉण्ड से जुटा जाएगी।
नगर निगम जबलपुर को सीवेज के कार्य के लिए अर्बन चैलेंज फंड से केंद्र सरकार से 82 करोड़ रुपए मिलेंगे जबकि योजना की कुल लागत 328 करोड़ रुपए है। इसी तरह नगर निगम को शहर की पेयजल योजना के लिए अर्बन फंड से 5 करोड़ रुपए मिलेंगे जबकि इस योजना की लागत 20 करोड़ रुपए है।

क्या नगर निगम 246 करोड़ रुपए जुटा लेगा
केंद्र सरकार के आवास और शहरी कार्य मंत्रालय की जबलपुर में सीवरेज की जो योजना बनवाई गई है उसकी कुल लागत 328 करोड़ रुपए है। जबकि इस योजना के लिए केंद्र सरकार नगर निगम जबलपुर को सिर्फ  82 करोड़ रुपए ही देने जा रही है। केंद्र सरकार का यह कहना है कि 50 प्रतिशत राशि नगर निगम को खुद मिलानी होगी और शेष 25 प्रतिशत नगर निगम को राशि बैंकों या म्युनिसिपल बांड से जुटाना होगी। अब प्रश्न यह उठ रहा है कि आर्थिक चुनौतियाँ झेल रहा नगर निगम की आर्थिक हालत के कारण क्या नगर निगम 246 करोड़ रुपए की राशि खुद जुटा पाएगा।

पेयजल के लिए 20 करोड़ की योजना के लिए केंद्र 5 करोड़ देगा
इंदौर में दूषित पानी पीने से लोगों के मर जाने की घटना ने केंद्र सरकार को जगा दिया है। अब केंद्र सरकार इंदौर सहित प्रदेश के 6 शहरों को पेयजल की समस्या को हल करने के लिए अनुदान देने जा रही है। जबलपुर में केंद्र की योजना के अनुसार 20 करोड़ रुपए की पेयजल योजना क्रियान्वित होना है। इसके लिए केंद्र सरकार नगर निगम जबलपुर को 5 करोड़ रुपए देने जा रही है। जबकि शेष 15 करोड़ रुपए की राशि नगर निगम को जुटाना होगी। जबलपुर शहर में पेयजल कि ज्यादातर लाइनें बड़े नालों और नालियों से होकर गुजर रही हैं। बहुत पुरानी हो चुकी इन पाइप लाइनों से अब दूषित पेयजल की समस्या से नगर निगम और आम जनता जूझ रही है। नगर निगम की ऐसी पाइप लाइनों को बदलने की सर्वोच्च प्राथमिकता होना चाहिए। अब देखना है कि नगर निगम इस तरह की जरूरी योजना को किस तरह से अमली जामा पहनाता है। केंद्र के 5 करोड़ से नगर निगम को कुछ तो राहत मिल ही जायेगी।

शंकराचार्य सदानंद जी गुजरात में 25 लोगों को पुन: सनातन हिन्दू धर्म में लाये

Jai Lok
Author: Jai Lok

RELATED LATEST NEWS

Home » News » नगर निगम को सीवेज के लिए 82 करोड़ और पेयजल के लिए 5 करोड़ मिलेंगे

Top Headlines

Live Cricket