
जबलपुर, (जयलोक)
पश्चिम मध्य रेलवे की महाप्रबंधक श्रीमति शोभना बंदोपाध्याय के प्रयासों से पश्चिम मध्य रेलवे के स्टेशनों में यात्री सुविधाओं में आधुनिक तकनीक को तीव्र गति से विस्तारित किया जा रहा है। जिसके चलते पश्चिम मध्य रेलवे के तीनों मण्डलों में आधुनिक तकनीक के आईपी आधारित सीसीटीवी कैमरों को तेजी से विस्तारित किया जा रहा है। जिसके परिणामस्वरूप पश्चिम मध्य रेल में अब तक 29 प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर कुल 999 सीसीटीवी कैमरे स्थापित किए हैं। रेलवे इस परियोजना के अंतर्गत आने वाले दिनों में सभी श्रेणी के रेलवे स्टेशनों में सीसीटीवी कैमरे लगाएगा। पश्चिम मध्य रेलवे में स्टेशनों के अलावा लेवल क्रॉसिंग गेटों पर भी सीसीटीवी कैमरें स्थापित किये जा रहे है। इस चालू वित्तीय वर्ष में पमरे के अंतर्गत विभिन्न लेवल क्रॉसिंग गेटों पर 53 सीसीटीवी कैमरें स्थापित किये गए है।

गौरतलब है कि रेलवे परिसरों में सुरक्षा बढ़ाने के लिए स्टेशनों के सीसीटीवी कैमरों और वीडियो फीड की निगरानी 3 स्तरों पर की जा रही है। प्रत्येक रेलवे पर केंद्रीकृत नियंत्रण कक्ष स्थापित किया है। ये केंद्रीकृत नियंत्रण कक्ष संबंधित स्टेशनों पर सीसीटीवी से वीडियो फीड प्रदर्शित कर रहे हैं, कैमरे, सर्वर, यूपीएस और स्विचों की निगरानी के लिए नेटवर्क प्रबंधन प्रणाली भी उपलब्ध करायी गई है जिसे अधिकृत कार्मिक द्वारा किसी भी वेब ब्राउजर से देखा जा सकता है। इन सीसीटीवी को ऑप्टिकल फाइबर केबल पर नेटवर्क किया जा रहा है और सीसीटीवी कैमरों की वीडियो फीड न केवल स्थानीय आरपीएफ पोस्ट पर बल्कि मंडल स्तर पर एक केंद्रीकृत सीसीटीवी नियंत्रण कक्ष में भी प्रदर्शित की जा रही।
इससे सुरक्षा में सुधार के लिए आरपीएफ अधिकारियों को अतिरिक्त सहयोग मिल रहा है। सीसीटीवी कैमरों से प्राप्त होने वाली वीडियो फीड की रिकॉर्डिंग 30 दिनों के लिए स्टोर की जा सकती है। कोटा मंडल स्टेशनों में 240 और भोपाल मंडल के स्टेशनों में 502 सीसीटीवी वैसमरे लगाए गये हैं।
जबलपुर मण्डल में 257 कैमरे- जबलपुर मंडल के 11 प्रमुख स्टेशनों में 257 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं जिनमें जबलपुर स्टेशन पर 52, कटनी स्टेशन पर 15, दमोह स्टेशन पर 15, सागर स्टेशन पर 15, सतना स्टेशन पर 15, मैहर स्टेशन पर 40, मदनमहल स्टेशन पर 30, पिपरिया स्टेशन पर 38, रीवा स्टेशन पर 31, कटनी मुड़वारा स्टेशन पर 04, नरसिंहपुर स्टेशन पर 02 आईपी आधारित सीसीटीवी कैमरे स्थापित हैं।

Author: Jai Lok







