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अवैध निर्माण और अतिक्रमण जल प्लावन के बड़े बाधक, खंदारी का जलस्तर करेंगे नियंत्रित विधायक रोहाणी, निगमायुक्त के साथ सुबह 7 बजे से उतरे मैदान में

पुराने स्थान पर नहीं भरा पानी, अब नई जगहों पर नजर आई परेशानी

जबलपुर (जयलोक)। पिछले 24 घंटे से लगातार हो रही वर्षा के कारण शहर के कुछ इलाकों में जल प्लावन की समस्या सामने आई है। एक बात और नजर आई की शहर के जो इलाके कई सालों से जलप्लावन के लिए बदनाम थे वहां पर इस बार इतना अधिक पानी नहीं भरा और अगर भरता भी है तो थोड़ी ही देर में नाली नालों के माध्यम से उसकी निकासी हो जाती है। जिन नए स्थान पर पानी भरा पाया गया उन स्थानों पर या तो नव निर्मित प्लाटिंग के बाद निर्मित हुई कॉलोनी और उसकी आड़ में किये गये अवैध निर्माण या सिर्फ  नालों और जलनिकासी मार्ग पर किये गए अतिक्रमण बाधक बने हुए हैं।
आज कैंट विधानसभा क्षेत्र में जल भराव की शिकायत के सामने आने के बाद विधायक अशोक रोहाणी, महापौर जगत बहादुर ङ्क्षसह अन्नू, विधानसभा अध्यक्ष रिंकू विज, आयुक्त नगर निगम प्रीति यादव निगम के अन्य अधिकारियों के साथ सुबह 7 बजे से ही मैदान में उतर पड़े। कृष्णा होम, नर्मदा नगर, मॉडल टाउन बिलहरी आदि क्षेत्रों का दौरा किया गया और जहां पर जल भराव था वहां मौके पर जाकर स्थिति भी देखी गई।

महापौर भी पहुँचे
सुबह जब जल प्लावन की समस्याओं को लेकर दल लगाए थे लगातार शिकायतें निगम प्रशासन के समक्ष पहुंच रही थीं। इसकी जानकारी लगने पर महापौर अन्नु भी सुबह कैंट विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत जनप्रतिनिधि और अधिकारियों के निरीक्षण के दौरान मौके पर पहुंच गए और जरूरी दिशा निर्देश संबंधित जनों को दिए।
नाप करने और नोटिस  देने के निर्देश
जनप्रतिनिधियों के साथ सुबह जल भराव वाले क्षेत्रों में दौरा करने पहुंची आयुक्त प्रीति यादव ने तत्काल जोन के इंजीनियर अभिषेक तिवारी को आसपास के क्षेत्र की मार्किंग (नाप) करने और संबंधित जनों को नोटिस देने के निर्देश दिए। जाँच के बाद जो भी अवैध निर्माण या अतिक्रमण पाए जाएंगे उन्हें तत्काल हटा दिया जाएगा। कुछ स्थानों पर नाले के ऊपर अतिक्रमण पाए गए हैं जिन्हें चिन्हित कर लिया गया है जल्दी उन्हें हटा दिया जाएगा।
खंदारी जलाशय का नियंत्रित करेंगे जलस्तर
विधायक अशोक रोहाणी और आयुक्त प्रीति यादव ने बताया कि तिहलरी बिलहरी के जिन पुराने क्षेत्र चैतन्य सिटी, पिंक सिटी आसपास के क्षेत्र में बहुत अधिक पानी भर जाता था उसे नियंत्रित करने के लिए इस बार पहले से ही खंदारी जलाशय और इसके नाले के जल स्तर को नियंत्रित किया जाएगा। जलाशय के ओवरफ्लो होने के कारण पानी पलट कर रहवासी इलाकों के नाले के माध्यम से भरने लगता है। इसलिए इस बार पूर्व योजना के तहत जल स्तर को नियंत्रित किया जाएगा और एक निश्चित भराव सीमा तक ही जलाशय को भरा जाएगा बीच में थोड़ा-थोड़ा कर पानी नाले के माध्यम से जरूरत पडऩे पर छोड़ा जाएगा।
कई स्थानों पर लगी हैं टीम
आयुक्त प्रीति यादव ने बताया कि आज कई स्थानों पर जल भराव की शिकायत सामने आने के बाद पानी की निकासी के लिए मशीनों और सफाई कर्मचारियों के माध्यम से जल निकासी का कार्य किया गया है। जहां-जहां नलों में बहकर आ रहा कचरा फंस रहा था और जल बहाव को अवरुद्ध कर रहा था वहां से कचरा हटाकर जल बहाव को सुचारु किया गया।
ऊपर नीचे क्षेत्र का भी नुकसान
शहर के बहुत से क्षेत्र में तेज बारिश के कारण इसलिए भी पानी भर जाता है क्योंकि आसपास के क्षेत्र का भूमि का स्तर ऊपर नीचे है। बहुत से स्थान पर अवैध रूप से निर्मित हुई कॉलोनी और प्लाटिंग के कारण भी यह समस्या बड़ा विकराल रूप ले चुकी है।
अतिक्रमण हटाने से नए स्थानों पर हो रही जल समस्या भी दूर होगी – रोहाणी
विधायक अशोक रोहाणी ने बताया कि बिलहरी तिलहरी क्षेत्र में जिन पुराने स्थान पर काफी जल भराव होता था, उन स्थानों पर पूर्व की योजना अनुसार कार्य किया गया जिसका लाभ यह हुआ कि वहां पानी नहीं भरा है। लेकिन कुछ नए स्थान जल भराव की समस्या के कारण चिन्हित हुए हैं। कुछ अतिक्रमण जिन्हें चिन्हित किया गया है वह इसमें बाधक हैं उन अतिक्रमणों के ही कारण यहां पर हो रही जल प्लावन की समस्या भी दूर हो जाएगी।
कछपुरा क्षेत्र में रेलवे से अनुमति लेकर बने कच्चे नाले
आयुक्त प्रीति यादव ने बताया कि पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले कछपुरा क्षेत्र के आसपास काफी स्थानों पर बारिश का पानी भर जाता था। इस क्षेत्र में रेलवे की लाइन होने के कारण रेलवे की भूमि भी अधिक है जहां पहले जल निकासी के लिए कार्य कर पाना मुमकिन नहीं था। इस बार रेलवे विभाग से लिखित अनुमति प्राप्त कर रेलवे की भूमि से भी जल निकासी के लिए कच्चे नालों का निर्माण किया गया है जिसके कारण इतनी तेज बारिश के बावजूद भी इस क्षेत्र में पूर्व की तरह पानी नहीं भर पाया।

जीपीएस मार्किंग के साथ हो रही सफाई
नगर निगम आयुक्त प्रीति यादव के निर्देश पर स्वास्थ्य अधिकारी संभव आयची, सहायक स्वास्थ्य अधिकारी अर्जुन यादव अलग-अलग टीमों के माध्यम से मशीनों द्वारा और सफाई कर्मचारियों के जरिए भी जल प्लावन वाले स्थान पर लगातार कार्य कर रहे हैं। सफाई कार्यों और मशीनों की निगरानी के लिए जीपीएस मार्किंग के साथ यह कार्य किया जा रहा है।

Jai Lok
Author: Jai Lok

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