
जबलपुर (जयलोक)। जबलपुर में 28 सितंबर को माढ़ोताल तथा 20 अक्टूबर को रांझी में लाखों के पटाखों का बिगर लाईसेंस संग्रहण एवं बिक्री पकड़े जाने से प्रमाणित हुआ कि पटाखों का कारोबार गैर कानूनी तरीके से चल रहा है। लाईसेंस की समयावधि समाप्त होने के बावजूद भी उसका नवीनीकरण नहीं किया जा रहा है, ऐसे एक्सपायर्ड लाइसेंस से पटाखों की बिक्री हो रही है।
पूर्व में डॉ.पीजी नाजपांडे तथा रजत भार्गव द्वारा दायर अवमानना याचिका में नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल ने 12 जुलाई को आदेश जारी कर कलेक्टर जबलपुर, इंदौर, ग्वालियर, भोपाल को कार्रवाई करने को कहा है। डॉ. पीजी नाजपांडे तथा रजत भार्गव ने बताया कि दिवाली पर आतिशबाजी के लिए पटाखों की बिक्री हेतु बड़े पैमाने पर ट्रकों में पटाखे शहर में पहुंच रहे है, लेकिन उनकी जांच नहीं हो रही है। फर्जी ग्रीन पटाखों की बिक्री हो रही है तथा उसकी भी जांच नहीं हो रही है।
गाईड लाईन का पालन नहीं
एडवोकेट प्रभात यादव ने बताया कि कलेक्टर जबलपुर द्वारा पटाखे विक्रय हेतु गाईड लाइन जारी की है लेकिन न तो विके्रता न ही अधिकारी उसका पालन कर रहे है, अत: मजबूरन अवमानना याचिका दायर करना पड़ेगा।

Author: Jai Lok







