
दारोगा भर्ती को लेकर पटना में मचा बवाल
नई दिल्ली/एजेंसी/जयलोक। बिहार दरोगा भर्ती, बीपीएससी 70वीं परीक्षा समेत 13 सूत्री मांगों को लेकर प्रतियोगी परीक्षाओं के अभ्यर्थियों ने मंगलवार को पटना में जमकर प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में छात्र गांधी मैदान से राजभवन मार्च के लिए निकले, लेकिन जेपी गोलंबर के पास पटना पुलिस और सीआरपीएफ की टीम ने उन्हें रोक दिया। पुलिस की ओर से बैरिकेडिंग लगाए जाने के बाद कुछ छात्र उस पर चढ़ गए और नारेबाजी करने लगे। इससे मौके पर कुछ देर के लिए स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
जेपी गोलंबर पर रोका, बैरिकेडिंग पर चढ़े छात्र
गांधी मैदान से राजभवन की ओर बढ़ रहे छात्र-अभ्यर्थियों को जेपी गोलंबर के पास पुलिस ने आगे जाने से रोक दिया। मौके पर पटना पुलिस के साथ सीआरपीएफ की टीम भी तैनात थी। पुलिस की बैरिकेडिंग के बावजूद कुछ छात्र उस पर चढ़ गए और सरकार के खिलाफ नारे लगाने लगे। इसके बाद कुछ छात्र एग्जीबिशन रोड के रास्ते डाक बंगला चौराहे की ओर बढऩे लगे। हालांकि यहां भी पुलिस टीम ने उन्हें रोक लिया। पुलिस ने छात्रों को आगे बढऩे से रोकने के लिए बैरिकेडिंग कर रखी थी।
दरोगा भर्ती परीक्षा रद्द करने की मांग
प्रदर्शन कर रहे छात्रों का कहना है कि 1799 पदों पर हुई दरोगा भर्ती परीक्षा में गड़बड़ी हुई थी। इस मामले की जांच आर्थिक अपराध इकाई यानी ईओयू कर रही है, लेकिन अब तक परीक्षा रद्द नहीं की गई है। अभ्यर्थियों का आरोप है कि जब परीक्षा में गड़बड़ी की जांच चल रही है तो इसे रद्द कर दोबारा परीक्षा कराई जानी चाहिए। छात्रों ने बीपीएससी 70वीं परीक्षा को लेकर भी सवाल उठाए। उनका कहना है कि इस परीक्षा में बड़े पैमाने पर घोटाला हुआ है, लेकिन इसके बावजूद परीक्षा को रद्द नहीं किया जा रहा है। अभ्यर्थियों का आरोप है कि बीएसएससी की परीक्षा भी नहीं हो रही है।
सरकार सिर्फ जाँच का आश्वासन दे रही
प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों का कहना है कि सरकार की ओर से लगातार जांच का आश्वासन दिया जा रहा है, लेकिन छात्रों के हित में ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। उनका आरोप है कि सरकार प्रतियोगी परीक्षाओं की समस्याओं को गंभीरता से नहीं ले रही है। इसी वजह से उन्हें आंदोलन के लिए सडक़ों पर उतरना पड़ा है। अभ्यर्थियों ने साफ कहा कि जब तक सरकार उनकी 13 सूत्री मांगों को पूरा नहीं करती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। छात्रों का कहना है कि उनकी मांगों पर जल्द निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।





