
हत्यारों तक पहुंचीं पुलिस, जल्द दबोच लेने का दावा, रायपुर की एक संपत्ति का विवाद आ रहा सामने
थाने की 4 टीमें,क्राइम ब्रांच भी लगी हत्यारों के पीछे, 50 से अधिक सीसीटीवी भी देखे
जबलपुर (जय लोक)। इन दिनों जबलपुर में कट्टा, देसी पिस्टल का उपयोग खुलेआम बढ़ गया है। अवैध हथियारों से ये वारदातें हो रही हंै। आज सुबह 8:00 एक बहुत ही सनसनीखेज चौका देने वाली घटना घटित हुई है, जिसमें बिल्कुल फिल्मी स्टाइल में अपने घर से निकले एक 32 साल के सिविल ठेकेदार को चलती गाड़ी में दूसरी मोटरसाइकिल पर आए हमलावरों ने सर पर गोली मार दी। युवक की घटना स्थल पर ही मौत हो गई। यह बड़े आश्चर्य और अफसोस की बात रही कि घटना के 5 घंटे बाद भी रांझी संभाग के सीएसपी सतीश कुमार साहू को हमलावरों के संबंध में कोई भी पुख्ता जानकारी नहीं थी। ना ही वे मृतक और हमलावरों के बीच में हत्या के कारण के संबंध में कुछ जानकारी दे पा रहे थे।

घटना की जानकारी मिलते ही अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आईपीएस आयुष गुप्ता, सीएसपी रांझी, थाना प्रभारी उमेश गोलानी दलबल के साथ मौके पर पहुंच गए। घटना की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर तत्काल थाना प्रभारी उमेश गोलानी के नेतृत्व में थाने स्तर पर चार टीमों को सक्रिय किया गया। इसके साथ ही क्राइम ब्रांच की टीम भी हमलावरों की तलाश में जुट गई है।

घटना सुबह 8:00 घटित हुई जहां 32 वर्षीय सिविल कांट्रेक्टर क्लेरेंस एडकिन उर्फ राजा मोटरसाइकिल से अपने बच्चे स्कूल से छोडक़र आ रहा था। शिव शक्ति चौराहे के पास पीछे से आई मोटरसाइकिल में सवार नकाबपोश दो हमलावरों ने सर पर पिस्तौल सटाकर चलती गाड़ी में गोली मार दी। यह पूरी घटना सीसीटीवी मैं कैद हो गई। हमलावर पेशेवर नजर आ रहे हैं।
प्रारंभिक तौर पर पड़ताल में लगी थाना प्रभारी उमेश गोलानी की टीम को यह जानकारी मिली है कि उक्त हत्याकांड के पीछे रायपुर में स्थित एक संपत्ति का विवाद है।

इस बिंदु को पुलिस ने जांच में लिया है। वहीं पुलिस से जुड़े सूत्रों ने बताया कि पूरे घटनाक्रम को अंजाम देने वाले कुछ संदिग्ध लोग पुलिस की हिरासत में आ चुके हैं। जिनसे पूछताछ की जा रही है। हालांकि पुलिस ने अधिकृत रूप से किसी के पकड़े जाने की पुष्टि नहीं की है।
पूरी योजना बनाकर रैकी की फिर दिया हत्याकांड को अंजाम
इस सनसनीखेज वारदात के बाद यह बात स्पष्ट रूप से निकलकर सामने आई है कि 32 वर्षीय राजा को मारने से पहले हथियारों के साथ हमलावरों पहले से तैयारी कर रखी थी। राजा की रैकी भी बहुत पहले से की जा रही थी। हत्याकांड को अंजाम देने में, योजना बनाने में, साजिश रचने मेंशामिल लोगों के बारे में जानकारियां जांच टीम के सामने आने लगी है।
राँझी बना अपराधियों का अड्डा, नई नई गैंग हो रही तैयार
पहले जो गंगवार पूरे शहर में हुआ करती थी अब अप नगरी क्षेत्र रांझी मिस सीमित होती जा रही है। पुलिस जितना शक्ति के साथ अपराधियों से रांझी क्षेत्र में बर्ताव कर रही है। उतनी ही तेजी के साथ यहां के अपराधी नई नई उम्र के लडक़ों को शामिल कर गैंग तैयार कर रहे हैं। नई उम्र के लडक़े अपराध की दुनिया के प्रति आकर्षित होकर बड़ी वारदातों को अंजाम देने में पीछे नहीं है रहे अपना जीवन खराब कर रहे हैं। गैंगस्टर छोटू चौबे के गुर्गे हाल ही में इसी क्षेत्र से पकड़े गए।2222 और 9999 एवं 5555 जैसे नंबरों को अपनी गैंग की पहचान बनाकर नई उम्र के टुटपुँजिया बदमाश भी रांझी क्षेत्र को ही अपनी गतिविधियों का अड्डा बना रहे हैं।
रांझी उपनगरी क्षेत्र होने के कारण शहर से अलग अलग और सामान्य रूप से यहां की गतिविधियां शहर को नजर नहीं आती। जिसका फायदा उठाते हुए बाहर से भी अपराधी किस्म के लोग यहां आकर डेरा बनाए हुए हैं। कोई किराए पर रह रहा है कोई दिखाने के लिए खाने का काम कर रहा है सब्जी का ठेला लगा रहा है लेकिन सूत्रों के अनुसार मुख्य रूप से यह अपराध को अंजाम देकर ही पैसे की उगाही कर रहे हैं।
Author: Jai Lok







