
जबलपुर (जयलोक)। शहर के ग्रामीण क्षेत्रों में चोरी छुपे चल रहे रेत परिवहन का विवाद खूनी रूप लेता जा रहा है। हालही में बेलखेड़ा में ऐसा मामला सामने आया जिसमें रेत परिवहन के विवाद को लेकर दनादन गोलियाँ चलाई गईं वहीं बदमाशों ने हाईवा में पेट्रोल डालकर आग लगा दी। गनीमत यह रही कि वाहन मालिक और कर्मचारियों ने नर्मदा नदी में कूदकर अपनी जान बचा ली। बताया जा रहा है कि बदमाश दो कारों से आए थे। कार सवार बदमाशों ने आते ही दनादन गोलियाँ चलानी शुरू कर दी। पुलिस ने इस मामले में दो लोगों के खिलाफ नामजद मामला कायम कर जाँच शुरू कर दी है।
बेलखेड़ा थाने में वीरेन्द्र पटैल निवासी ग्राम नीमखेड़ा ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि वह खेती किसानी एवं रेत गिट्टी परिवहन का काम करता है। उसने अपना हाईवा क्रमांक एमपी 20 एचबी 5899 को वर्ष 2017 में खरीदा था वह रेत का काम ग्राम नीमखेड़ा शहपुरा खदान से करता है। उसने रज्जू लोधी एवं हरनाम सिंह पटेल के कहने पर अपना हाईवा एमपी 20 एचबी 5899 को 29 मई को नवीन चरंगवा घाट थाना बेलखेड़ा में रेत के परिवहन करने के लिय लाया था और 4 जून को रेत का काम करना शुरू किया था। रात 11-30 बजे वह, लखन मल्लाह, रोहित मल्लाह के साथ बाईक से नवीन चरगवंा घाट गये थे और घाट में उसके हाईवा को ड्रायवर लक्ष्मण बर्मन कुछ देर बाद चलाकर लाया था। रात 12-15 बजे वह तथा उसका साथी लखन मल्लाह, रोहित मल्लाह एवं चालक लक्ष्मण बर्मन चारों नवीन घाट के पास थे तभी 2 कारों से कुछ लोग आये और 2 लोग पिस्टल से हवाई फायर करते हुए गालियाँ देना शुरू कर दिया। आरोपियों में अमित लोधी, देवी सिंह लोधी थे जिन्हें वह जानता है। जो उसके द्वारा घाट से रेत परिवहन करने के बात को लेकर उससे रंजिश रखते हैं। इसी कारण अमित लोधी एवं देवी सिंह लोधी तथा अन्य लोगों ने उसके हाईवा क्रमांक एमपी 20 एचबी 5899 के कांच फोडक़र पेट्रोल डालकर हाईवा में आग दी उसके बाद गाडिय़ों में बैठकर भाग गये। शिकायतकर्ता ने बताया कि हम लोग डर के कारण नर्मदा नदी में तैरते हुये घाट से दूसरे घाट तरफ चले गये थे। अमित लोधी एवं देवी सिंह लोधी एव अन्य साथी के जाने के बाद हम लोग वापस तैरकर अपने हाईवा के पास आये तो देखा कि हाईवा आग से जल चुका था आग लगने से उसका लगभग 26 लाख रूपये का नुकसान हुआ है। रिपोर्ट पर अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।

शिकायतकर्ता के बयान पर पुलिस को संदेह
वहीं बेलखेड़ा थाना प्रभारी गाजावती पुसाम का कहना है कि शिकायतकर्ता के बयान पर संदेह है। शिकायतकर्ता ने हवाई फायर होने की बात कही है लेकिन मौके पर जाकर देखा गया तो हवाई फायरिंग के कोई सबूत नहीं मिले। वहीं जिस जगह पर हाइवा को आग लगाने की बात कही जा रही है उस जगह पर हाईवा नहीं मिला। हाईवा शिकायतकर्ता के घर के पास ही मिला है।

Author: Jai Lok







