Download Our App

Home » News » महिला का शिकार करने वाली बाघिन टी-27 का रेस्क्यू, भोपाल वन विहार भेजा

महिला का शिकार करने वाली बाघिन टी-27 का रेस्क्यू, भोपाल वन विहार भेजा

मण्डला/जबलपुर (जयलोक)। कान्हा टाइगर रिजर्व के खापा परिक्षेत्र के बफर जोन में शनिवार रात महिला की जान लेने वाली मादा बाघिन को वन विभाग ने रेस्क्यू कर लिया है। पर्रापुर स्कूलटोला में घर के भीतर सो रही महिला पर हमला करने के बाद वन विभाग ने पूरे क्षेत्र में सर्चिंग और निगरानी बढ़ा दी थी। सोमवार को बाघिन को ट्रेंकुलाइज कर सुरक्षित पकड़ा गया और उपचार एवं निगरानी के लिए भोपाल के वन विहार राष्ट्रीय उद्यान भेज दिया गया।
घर में घुसकर किया था महिला पर हमला
जानकारी के अनुसार, शनिवार रात करीब एक बजे पर्रापुर स्कूलटोला निवासी सुगनी बाई पति बुधराम धुर्वे (45) घर में सो रही थीं। इसी दौरान बाघिन घर में घुस गई और उन पर हमला कर दिया। गंभीर हमले में महिला की मौत हो गई। घटना के बाद कान्हा प्रबंधन ने इलाके में सुरक्षा बढ़ाते हुए बाघिन की पहचान और उसे पकडऩे के लिए कैमरा ट्रैप लगाए। इसके साथ ही पांच हाथियों के दल की मदद से आसपास के जंगल और गांव से लगे क्षेत्रों में लगातार सर्चिंग की गई।
गांव के आसपास घूमती मिली 14 साल की टी-27
सर्चिंग के दौरान गांव के पास 14 वर्षीय मादा बाघ टी-27 की मौजूदगी सामने आई। जांच में पता चला कि यह बाघिन पहले भी ग्रामीण इलाकों के आसपास देखी जाती रही है। शनिवार रात भी उसके गांव के आसपास होने और गारा करने की कोशिश किए जाने की जानकारी मिली। लगातार गांव के करीब उसकी मौजूदगी और मानव सुरक्षा के खतरे को देखते हुए उसे समस्या जनित बाघिन मानते हुए रेस्क्यू की अनुमति ली गई। सोमवार दोपहर क्षेत्र संचालक रवींद्र मणि त्रिपाठी और उपसंचालक बफर अमिता केबी के मार्गदर्शन में रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। हाथी दल की सहायता से बाघिन को ट्रेंकुलाइज किया गया और सुरक्षित तरीके से पकड़ लिया गया। रेस्क्यू के बाद बाघिन को विशेष वाहन से भोपाल के वन विहार राष्ट्रीय उद्यान भेज दिया गया, जहां उसका स्वास्थ्य परीक्षण और निगरानी की जाएगी।
घिस चुके कैनाइन दांत, शिकार में हो रही थी परेशानी
वन्यजीव स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संदीप अग्रवाल ने जांच के दौरान पाया कि बाघिन के कैनाइन दांत काफी ज्यादा घिस चुके हैं। वन विभाग के अनुसार, उम्र अधिक होने के कारण उसके लिए जंगल में सामान्य शिकार करना मुश्किल हो गया था। इसी वजह से वह आसान शिकार की तलाश में बार-बार मानव बस्तियों के नजदीक पहुंच रही थी। वन विभाग का मानना है कि बाघिन के व्यवहार और शारीरिक स्थिति को देखते हुए उसे जंगल से हटाकर सुरक्षित निगरानी में रखना जरूरी था। बाघिन के रेस्क्यू के बाद क्षेत्र में ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है। कान्हा प्रबंधन ने लोगों से अपील की है कि जंगल या आबादी के आसपास वन्यजीव नजर आने पर तुरंत वन विभाग को सूचना दें।

 

दो साल बाद सार्वजनिक रूप से सामने आएंगी शेख हसीना

Jai Lok
Author: Jai Lok

RELATED LATEST NEWS

Home » News » महिला का शिकार करने वाली बाघिन टी-27 का रेस्क्यू, भोपाल वन विहार भेजा

Top Headlines

8 अगस्त को प्रारंभ होगी जबलपुर से कोलकाता के बीच सीधी उड़ान एलायंस एयर का विमान मंगलवार, गुरूवार और शनिवार को सुबह जबलपुर-कोलकाता के बीच उड़ान भरेगा

जबलपुर (जयलोक)।जबलपुर से कोलकाता के बीच महत्वपूर्ण हवाई संपर्क 08 अगस्त को उस समय स्थापित हो जायेगा जब एलायंस एयर

Live Cricket